मुंबई, 02 अप्रैल, (न्यूज़ हेल्पलाइन)। केंद्र सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के लिए ऑर्गन डोनेशन (अंगदान) पर 42 दिन की स्पेशल कैजुअल लीव देने का प्रावधान किया है। लोकसभा में केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने इस संबंध में जानकारी दी। यह छुट्टी सर्जरी के टाइप पर निर्भर नहीं करेगी और इसे सरकारी डॉक्टर की सिफारिश पर अधिकतम 42 दिनों तक लिया जा सकता है। यह आमतौर पर अस्पताल में भर्ती होने के दिन से शुरू होगी, लेकिन जरूरत पड़ने पर सर्जरी से एक सप्ताह पहले भी ली जा सकती है। यह प्रावधान 2023 में कार्मिक मंत्रालय के आदेश के तहत लागू किया गया था, जिससे ऑर्गन डोनेशन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
सरकारी कर्मचारियों को मिलने वाली प्रमुख सुविधाओं में, पहली, सीजीएचएस के तहत सरकारी कर्मचारियों और उनके परिवार को सस्ते दरों पर इलाज, दवाएं और अस्पताल में भर्ती की सुविधा मिलती है। रिटायरमेंट के बाद भी सीजीएचएस की सुविधा का लाभ उठाया जा सकता है। दूसरी, महिलाओं को 6 महीने की मैटरनिटी लीव और पुरुषों को 15 दिन की पैटरनिटी लीव दी जाती है। गंभीर बीमारी या दुर्घटना की स्थिति में लंबी मेडिकल लीव की सुविधा है। तीसरी, सरकारी कर्मचारियों को रिटायरमेंट के बाद पेंशन, ग्रेच्युटी और पीएफ (Provident Fund) की सुविधा। न्यू पेंशन स्कीम (NPS) के तहत हर महीने वेतन से कुछ पैसे कटते है, जिसे रिटायरमेंट के बाद पेंशन के रूप में दिया जाता है। चौथी, सरकारी कर्मचारियों को एलटीसी (Leave Travel Concession) के तहत हर 4 साल में एक बार हवाई/रेल यात्रा पर रियायत मिलती है। सरकारी क्वार्टर या हाउस रेंट अलाउंस (HRA) की सुविधा दी जाती है। पांचवी, कर्मचारियों के बच्चों को पढ़ाई के लिए स्कॉलरशिप और एजुकेशन अलाउंस दिया जाता है। केंद्रीय विद्यालयों में सरकारी कर्मचारियों के बच्चों को एडमिशन में प्राथमिकता दी जाती है। छटवी, सरकारी कर्मचारियों को नेशनल और गजटेड हॉलीडे के अलावा कई विशेष छुट्टियां मिलती हैं। त्योहारों के दौरान इंटरेस्ट-फ्री एडवांस लोन लेने की सुविधा होती है।
आपको बता दें, इसके न्यू पेंशन स्कीम के तहत अगर किसी कर्मचारी ने 25 साल नौकरी की है, तो रिटायरमेंट के पहले नौकरी के आखिरी 12 महीने की बेसिक सैलरी का 50% अमाउंट भी पेंशन के तौर पर मिलेगा। अगर कोई कर्मचारी 10 साल बाद नौकरी छोड़ देता है तो उसे हर महीने 10 हजार रुपए की पेंशन मिलेगी। इससे लगभग 23 लाख कर्मचारियों को फायदा होगा। ये स्कीम 1 अप्रैल 2025 से लागू कर दी जाएगी। वहीं, अगर सर्विस के दौरान किसी सरकारी कर्मचारी की मौत हो जाती है, तो उसके परिवार को कर्मचारी की मौत के वक्त तक मिलने वाली पेंशन का 60% हिस्सा मिलेगा